डोडो पक्षी का इतिहास: कैसे हुआ दुनिया से ख़त्म? पूरी जानकारी डोडो पक्षी – विलुप्त होने के बाद भी याद किए जाने वाला पक्षी | परिचय डोडो पक्षी ( Raphus cucullatus ) एक बड़ा, उड़ान-विहीन पक्षी था जो हिंद महासागर के मॉरीशस द्वीप पर पाया जाता था। 17वीं शताब्दी में यह पक्षी पूरी तरह विलुप्त हो गया। इसके समाप्त हो जाने के बावजूद आज भी वैज्ञानिक, इतिहासकार और प्रकृति प्रेमी डोडो पर शोध करते हैं। इस ब्लॉग में हम डोडो पक्षी का इतिहास, विशेषताएँ, पर्यावरण, विलुप्ति और रोचक तथ्य जानेंगे। डोडो पक्षी कैसा दिखता था? डोडो की लंबाई लगभग 1 मीटर होती थी। वजन 10–18 किलोग्राम के बीच माना गया है। इसके छोटे पंख , मोटी टांगे , और मुड़ी हुई मजबूत चोंच थी। शरीर पर धूसर-सफेद पंख और पीछे छोटी पूंछ जैसी संरचना होती थी। उड़ान की आवश्यकता न होने के कारण समय के साथ डोडो ने उड़ने की क्षमता खो दी थी। आवास और जीवनशैली डोडो केवल मॉरीशस द्वीप पर पाया जाता था। वहां कोई प्राकृतिक शिकारी नहीं थे, इसलिए यह जमीन पर खाता-पीता और घोंसला बनाता था। इनका मुख्य भोजन था: गिरे हुए फल बीज और मेवे छोटे जीव-...